राष्ट्रीय डॉक्टर्स डे पर हिंदी कविता – डॉक्टर का धन्यवाद
इस राष्ट्रीय डॉक्टर्स डे पर पढ़िए एक दिल को छूने वाली हिंदी कविता जो डॉक्टरों के प्रति धन्यवाद और सम्मान प्रकट करती है।
“धन्यवाद डॉक्टर साहब”
जब जीवन डगमगाने लगे,
और सांसें भी थमने लगे,
तब एक दीपक जलाते हो,
उम्मीदों की किरण लाते हो।
कभी मास्क के पीछे मुस्कान,
कभी थकी आँखों में जान,
तुम दिन-रात न रुकते हो,
दर्द को चुपचाप हरते हो।
सुई, दवा, नब्ज की बातें,
सबमें छुपी हैं तुम्हारी सौगातें,
बीमारी से जो लड़ना सिखाए,
तुम वो योद्धा कहलाए।
तुम न सिर्फ़ डॉक्टर हो,
तुम तो जीवन के रक्षक हो,
माँ के जैसे दुलारते हो,
पिता के जैसे संभालते हो।
तुम्हारी मेहनत, तुम्हारी दया,
तुम्हारा धैर्य, तुम्हारी माया,
हम सबका सिर झुकता है,
तुम्हें दिल से धन्यवाद कहता है।
तुम हो हमारे असली हीरो,
तुम्हें दिल से प्रणाम करते हैं।
आज के दिन अपने डॉक्टर के लिए एक छोटा सा “धन्यवाद” कमेंट में जरूर लिखिए। कौन है वो डॉक्टर जिसने आपको या आपके परिवार को सबसे ज्यादा सहारा दिया? हम सुनना चाहेंगे आपकी कहानी।












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